किसानों को जैविक कृषि के बारे में दी जानकारी

By: Mahesh Kumar Doune

Updated On:
24 Aug 2019, 03:19:08 PM IST

  • राजा भोज कृषि महाविद्यालय मुरझड़ फार्म के अधिष्ठाता की अनुशंसा पर प्रथम जैविक कृषि सामायिकी परिचर्चा प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न हुआ।

बालाघाट. जिले के राजा भोज कृषि महाविद्यालय मुरझड़ फार्म के अधिष्ठाता की अनुशंसा पर प्रथम जैविक कृषि सामायिकी परिचर्चा प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न हुआ। इस अवसर पर जैविक कृषि व फसल विज्ञान विशेषज्ञ डॉ. एसबी अग्रवाल ने वर्तमान कृषि में जैविक कृषि की आवश्यकता व जैविक कृषि कैसे करें व उसके प्रबंधन विषय पर संगोष्ठी व प्रशिक्षण दिया गया।
विशेषज्ञ अग्रवाल ने जवाहरलाल कृषि विश्व विद्यालय व आंचलिक कृषि अनुसंधान केन्द्र मुरझड़ फार्म द्वारा जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजना व जैव उर्वरकों के बारे में जानकारी दी गई। जैविक उर्वरकों के रूप में वर्मी कंपोस्ट, बायोगैस स्लटी, जीवामृत जैविक कंपोस्ट खाद का उपयोग व रासायनिक उर्वरकों के विकल्प में उपयोग करने की सलाह दी गई। जैविक खेती वैज्ञानिक रूप से करने के लिए विशेषकर धान फसल के लिए कार्बनिक खाद सन, ढेंचा, चिंरौटा द्वारा भूमि का कार्बन बढ़ाने जैविक बायो कंपोस्ट, गौ आधारित पंचगव्य खाद, जैविक कीटनाशक की जानकारी दी गई। अच्छे उत्पादन के लिए फसल चक्र, मिश्रित खेती, फसल पूर्व तैयारी बीज चयन, शोधन, मृदा शस्य उपचार प्रचलित रोग प्रबंधन के लिए कीटनाशक दवा के विधि को विस्तार से बताकर उनके महत्व को समझाया गया।
ये रहे शामिल
इस दौरान किसान सेवा समिति जिला प्रभारी डॉ. भीकम चौहान, चिंतामन नगपुरे, मेघा बिसेन, किशोर बिसेन, जगलाल राहंगडाले, पुस्तकला भैरम, दाजीलाल भैरम, सुनील खरगाल, भागचंद मंडलवार, माधोप्रसाद ठाकरे, प्रतापलाल बिसेन, अशोक ठाकरे, चंदन पारधी, श्यामप्रसाद ठाकरे सहित अन्य शामिल रहे।

 

Updated On:
24 Aug 2019, 03:19:08 PM IST

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