पालकी में बैठ भ्रमण को निकले ठाकुरजी

By: Rajeev Pachauri

Updated On:
10 Sep 2019, 02:45:32 PM IST

  • गंगापुरसिटी . जल झूलनी एकादशी पर्व पर सोमवार को शहर के विभिन्न मंदिरों से डोले निकाले गए। मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना के साथ साज-सज्जा की गई। जलझूलनी एकादशी पर मंदिरों की सजावट के साथ भगवान का भी विशेष श्रृृंगार किया गया। इसके बाद उन्हें पालकी में बिठाकर शहर का भ्रमण कराया गया। शहर में लोगों ने भगवान के दर्शन कर पूजा-अर्चना कर प्रसादी और भेंट चढ़ाकर आशीर्वाद लिया।

गंगापुरसिटी . जल झूलनी एकादशी पर्व पर सोमवार को शहर के विभिन्न मंदिरों से डोले निकाले गए। मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना के साथ साज-सज्जा की गई। जलझूलनी एकादशी पर मंदिरों की सजावट के साथ भगवान का भी विशेष श्रृृंगार किया गया। इसके बाद उन्हें पालकी में बिठाकर शहर का भ्रमण कराया गया। शहर में लोगों ने भगवान के दर्शन कर पूजा-अर्चना कर प्रसादी और भेंट चढ़ाकर आशीर्वाद लिया। जन्माष्टमी पर व्रत रखने वाले लोगों ने एकादशी का व्रत रखकर भगवान को भोजन कराने के बाद अपना व्रत खोलते हुए अपने परिवार की सुख समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। मंदिरों में भजन-कीर्तन के कार्यक्रम हुए।


इसी प्रकार गोपालजी मंदिर से डोला निकाला गया। ठाकुरजी को पालकी में विराजित कर चौपड बाजार, देवी स्टोर चौराहा, व्यापार मंडल, पुरानी अनाज मंडी, फव्वारा चौक होते हुए नहर पर पहुंचे। बालू महन्त ने बताया कि इस दौरान मार्ग में अनेक स्थानों पर श्रद्धालुओं ने ठाकुरजी की पूजा की।


वजीरपुर . क्षेत्र के गांव मीना बडौदा में जलझूलनी एकादशी पर सोमवार को ठाकुरजी के विग्रहों की डोला यात्रा निकाली गई। गांव के मुनेश मीना ने बताया कि बड़े मंदिर ठाकुरजी, मीन भगवान मंदिर, ग्रामीण बैंक के पास वाले ठाकुरजी मंदिर और बाजार स्थित ठाकुरजी मंदिर में विराजित ठाकुरजी की प्रतिमाओं को डोला में रखकर डोला यात्रा शुरू की गई। डोला यात्रा शाम 4 बजे मीन भगवान मंदिर पहुंची, जहां सभी डोलों को एक साथ रख कर मंत्रोच्चारण एवं विधिविधान से सामूहिक आरती की गई।

यात्रा का जगह-जगह पुष्प वर्षा कर स्वागत किया गया। व्रत करने वाले श्रद्धालुओं ने डोला में ठाकुरजी को फल व मिठाई अर्पित की। इसके बाद सभी डोलों को नगर भ्रमण कराया। गांव की परिक्रमा के बाद डोला यात्रा हनुमानजी मंदिर के पास पहुंची। यहां लोगों ने दर्शन कर प्रसाद चढ़ाया। यहां महिला-पुुरुष एवं बच्चों ने डोलों के नीचे से निकलकर परिक्रमा दी। साथ ही मनौतियां मांगी।


बामनवास . उपखण्ड क्षेत्र में सोमवार को जलझूलनी एकादशी का व्रतोत्सव परम्परागत रूप से मनाया गया। इस मौके पर शाम को जगह-जगह डोलयात्राएं निकाली गईं। ठाकुरजी गाजे-बाजे के साथ शाम को पालकी में सवार होकर जल बिहार को निकले। कस्बे में झंडा चौक के निकट स्थित श्रीरघुनाथजी के बड़ा मंदिर से शाम को डोलयात्रा निकाली गई। इसमें दर्जनों स्त्री-पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए। डोलयात्रा मुख्य बाजार, सब्जी मंडी एवं बस स्टैंड होते हुई बिछव तालाब तक पहुंची। यहां पर ठाकुरजी को जल विहार कराया गया।

मंदिर में सेवा-पूजा करने वाले मदनमोहन वैष्णव ने बताया कि जल विहार के बाद ठाकुरजी वापस मंदिर पहुंचे। इस दौरान जगह-जगह पर डोलयात्रा का स्वागत किया। लोगों ने ठाकुरजी के चरणों में प्रसाद, भेंट एवं धूपबत्ती आदि अर्पित किए। इसी तरह सीतारामजी मंदिर से भी डोलयात्रा निकाली गई। ग्राम पंचायत पट्टीखुर्द में भी नाई मोहल्ला स्थित सीताराम मंदिर से डोलयात्रा में ठाकुरजी जल विहार को निकले। लिवाली, पिपलाई, सुकार एवं रिवाली कस्बों में भी डोलयात्रा निकाले जाने के समाचार हैं। शाम को एकादशी का उपवास करने वाले श्रद्धालुओं ने उपवास खोला। इससे पूर्व दिन में बाजार में फल फू्रट एवं मिठाईयों की दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ देखी गई। उपवास करने वाले लोगों ने इन वस्तुओं की खरीदारी की।

Updated On:
10 Sep 2019, 02:45:32 PM IST

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