रीवा. विंध्य के सबसे बड़े हॉस्पिटल के संजय गांधी अस्पताल में बारिश ने घटिया निर्माण की पोल खोल दी। पिछले कई दिनों से हो रही बारिश के चलते अस्पताल में कई जगहों पर छत से पानी टपने लगा है। आकस्मिक चिकित्सा विभाग के इमरजेंसी दवा स्टोर की छत से पानी लीकेज होने से वहां पर रखीं दवाएं भींग गईं। हालांकि प्रभारी सीएमओ का दावा है कि दवाएं खराब नहीं हुई हैं। लीकेज को रिपेयर कराया जा रहा है।
बताया गया कि संयज गांधी अस्पताल के नये भवन का शुभारंभ २००२ में हुआ था। अभी बीस साल पूरे नहीं हुई कि अस्पताल में जगह-जगह छत लीकेज हो गई है। आकस्मिक चिकित्सा दवा स्टोर से लेकर कई अन्य जगहों की छत से पानी टपकने लगा है। दवा स्टोर के कर्मचारी दवाओं को बचाने के लिए दिनभर इधर, उधर करते रहे। कर्मचारियों ने बताया कि दवाएं भीगने से नुकसान नहीं हुआ। लेकिन, छत से पानी टपकने के कारण दिक्कत हो रही है। यहां पर छत टपकने के कारण पूरे स्टोर में पानी साफाई में दिक्कत हो रही है। इसी तरह अस्पताल के पिछले हिस्से में इलेक्टिकल कक्ष में भी पानी प्रवेश कर गया है। जिससे दिक्कत बढ़ गई है। कर्मचारियों ने बताया कि इसके लिए कई बार अपस्तल प्रधंन को जानकारी दी गई। कई बार रिपेयर भी किया गया। इसके बावजूद ठीक नहीं हो रहा है। इस बावत पूछे जाने पर आकस्मिक चिकित्सा के प्रभारी सीएमओ डॉ अतुल सिंह का कहना है कि बारिश से दवाएं खराब नहीं हुई हैं। छत की रिपेयर किया जा रहा है। बारिश होने के बाद पता चला कि दवा वितरण केन्द्र छत एक दो जगहों पर लीकेज हो गई है।

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