रीवा. पति-पत्नी के आपसी विवादों को समझाईश के जरिए सुलझाने के लिए पुलिस द्वारा शुरू किए गए कार्यक्रम के तहत रविवार को डेढ़ दर्जन जोड़ों के बीच समझौता कराया गया। जिसके बाद वे हंसीखुशी अपने घर चले गए। हर माह के दूसरे व तीसरे रविवार को उक्त शिविर का आयोजन किया जाता है। रविवार को आयोजित उक्त शिविर में 32 प्रकरण रखे गए थे जिसमें 19 में समझौते हुए जबकि ४ प्रकरणों में अलगाव हुआ। शिविर में समझाईश देने के लिए काऊंसलरों की टीम बुलाई गई थी जिसमें विवि के प्रोफेसर, सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी व निजी महाविद्यालय के शिक्षक मौजूद रहे। उन्होंने पति-पत्नी को आमने सामने बैठाकर समझाईश दी और उनके बीच विवाद को खत्म किया। 19 जोड़ों ने समझाईश के बाद एक साथ रहने पर सहमति जताई और हंसीखुशी दोनों पक्ष साथ में घर चले गए।

अधिकांश पति-पत्नी के बीच छोटी-छोटी बातों को लेकर विवाद चल रहा था। काऊंसलरों डॉ. एसके त्रिपाठी, डॉ. वीके श्रीवास्तव, डॉ. भारतदेव मिश्रा, जयप्रकाश पटेल, डॉ. बीएन त्रिपाठी, प्रो. राकेश कटारे, प्रो. रुचि सिंह आकांक्षा सिंह, रावेन्द्र साहू, एकता सिंह बघेल, प्रो. रविप्रकाश गुप्ता, पियूष सिंह गहरवार, धमेन्द्र कुशवाहा, सलमा खान, राखी खरे, महिला थाना प्रभारी कल्याणी पाल, उपनिरीक्षक प्रियंका पाठक सहित अन्य लोग उपस्थित रहे। परिवार परामर्श केन्द्र में पहुंचे दो मामलों में ससुराल पक्ष को महिला के घर वालों पर जादू टोना करने का शक था। मामला रीवा व बैकुंठपुर से परिवार परामर्श केन्द्र में आया था जिसमें ससुराल वाले महिला के मायके पक्ष पर जादू टोना करने का आरोप लगा रहे थे। उनको काऊंसलरों ने समझाईश दी।

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