ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने में लोगों के छूट रहा पसीना!

By: Jitesh kumar Rawal

Updated On:
10 Sep 2019, 01:00:56 PM IST

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काम पेचीदा नहीं पर जिम्मेदारों की अनदेखी भारी, पसीने से लथपथ हुए बगैर नहीं बन सकता लाइसेंस


जालोर परिवहन विभाग कार्यालय


जालोर. आपको यदि ड्राइविंग लाइसेंस बनवाना है तो काफी पसीना बहाना पड़ेगा। हालांकि यह काम इतना पेचीदा तो नहीं है, लेकिन जिम्मेदारों की अनदेखी के कारण लोगों के पसीने छूट रहे हैं। जालोर परिवहन विभाग कार्यालय में यहीं स्थिति है। यहां लाइसेंस बनवाने वाली जगहों पर पंखें तक नहीं है। दिखावे के लिए जरूर पंखें लगा रखे हैं, लेकिन सुचारू एक भी नहीं है। टीन छप्पर के नीचे खड़े रहते हुए लाइसेंस बनवाना लोगों को भारी पड़ रहा है। गर्मी और उमस के बीच लोग कतार में खड़े रहते हैं, लेकिन हवा के कोई प्रबंध नहीं है। हर समय नजर में रहने के बावजूद इन जगहों पर पंखों की व्यवस्था नहीं की जा रही है। ऐसे में दूर-दराज से आने वाले लोग बड़ी तकलीफ झेलते हैं। ऑनलाइन फोटो खिंचवाने वाले काउंटर से लेकर परिवहन निरीक्षक के पास दस्तावेज जांच करवाने तक लोगों को पसीने से तरबतर ही होना पड़ता है।


दिखावे को लगा रखे पंखें
कार्यालय परिसर में मुख्यद्वार से प्रवेश करते ही एक टीन छप्पर बना हुआ है। इसके नीचे बैठने के लिए कुछ कुर्सियां तो है, लेकिन पंखें बंद ही है। दिखावे के लिए दो पंखें लगा रखे हुए हैं, लेकिन चलायमान एक भी नहीं है। पास ही स्वीच है, जिसमें से वायर बाहर निकले हुए हैं। एक युवक ने वायर जोडऩे का प्रयास भी किया, लेकिन पंखा शुरू नहीं हुआ।


कागजों से पुलिंदे से राहत का प्रयास
गर्मी और उमस के कारण लोग परेशानी झेलते हैं, लेकिन राहत देने के कोई प्रबंध नहीं है। समय पर काम निपटा कर जाने के चक्कर में लोग यहां कतारबद्ध खड़े रहते हैं। कतार से बाहर आने पर वापस पीछे जाना पड़ सकता है। ऐसे में गर्मी से राहत के लिए हाथ में पकड़े कागजों के पुलिंदे से ही हवा झलते रहते हंै।


ऐन निरीक्षक के सामने भी यहीं हाल
लाइसेंस के लिए परिवहन निरीक्षक के पास दस्तावेज की जांच करवानी होती है। इसके लिए आवेदक निरीक्षक कक्ष के बाहर खड़े रहते हैं, लेकिन यहां भी पंखा चलायमान नहीं है। निरीक्षक की ऐन नजरों के सामने ही लोग समस्या भुगत रहे हंै, लेकिन इससे मानों किसी को सरोकार नहीं है। इन दोनों ही जगह न तो पंखें दुरुस्त किए जा रहे हंै और न ही लोगों को राहत मिल रही है।


देखना पड़ेगा...
पंखें चलायमान ही थे अभी बंद है या नहीं इसकी जानकारी नहीं है, देखना पड़ेगा।
- प्रेमराज खन्ना, जिला परिवहन अधिकारी, जालोर

Updated On:
10 Sep 2019, 01:00:56 PM IST

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