गुटबाजी में फंसे  प्रत्याशियों के चुनाव कार्यालय

By: Firoz Khan Shaifi

Updated On:
20 Apr 2019, 02:07:22 PM IST

  • जयपुर में प्रधान कार्यालय को छोड़कर आठों विधानसभा क्षेत्रों में नहीं खुल पाए कार्यालय

जयपुर। शहर कांग्रेस में टिकट वितरण के बाद उपजी गुटबाजी खत्म होने का नाम ही नहीं ले रही है। आला नेताओं की ओर से गुटबाजी नहीं होने और सभी एकजुट होने के तमाम दावे किए जा रहे हों, लेकिन रह-रहकर गुटबाजी की खबरें बाहर आ ही जाती है। जयपुर में नेताओं के बीच गुटबाजी इस कदर हावी है कि जयपुर लोकसभा क्षेत्र के मतदान में महज 16 दिन का समय शेष बचा है कि लेकिन जयपुर लोकसभा क्षेत्र के आठों विधानसभा क्षेत्रों में कांग्रेस प्रत्याशी के चुनाव कार्यालय नहीं खुल पाए हैं, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी ज्योति खंडेलवाल के प्रधान कार्यालय खुले भी 9 दिन बीत चुके हैं।

 

ये आलम तो तब है कि जब शहर की आठ विधानसभा क्षेत्रों में से पांच पर कांग्रेस का कब्जा है। वहीं विधानसभा और ब्लॉकवार चुनाव कार्यालय नहीं खुलने से स्थानीय कार्यकर्ता भी हताश नजर आ रहे हैं।

चुनाव कार्यालय नहीं खुलने से स्थानीय स्तर पर कार्यकर्ता पार्टी और प्रत्याशी के लिए व्यापक रूप से कार्य नहीं कर पा रहे हैं, क्योंकि न उन्हें प्रचार सामग्री मिल पा रही है और न ही प्रचार के लिए साधन। हालांकि इस बारें में जब कार्यकर्ता वरिष्ठ नेताओं से गुहार लगाते हैं तो वरिष्ठ नेता भी चुप्पी साध लेते हैं।


दिलचस्पी नहीं दिखा रहे नेता
पार्टी के जानकारों की माने तो विधानसभा और ब्लॉक स्तर पर चुनाव कार्यालय खोलने को लेकर शहर के बड़े नेता और विधायक दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं, जबकि प्रदेश के सभी लोकसभा क्षेत्रों में विधानसभा स्तर और ब्लॉक स्तर पर चुनाव कार्यालय पहले खुल चुके हैं।

बताया जाता है कि विधानसभावार और ब्लॉक लेवल पर कार्यालय नहीं खोले जाने की बात वॉर रूम संभाल रहे पार्टी के आला नेताओं तक भी पहुंच चुकी है, आला नेताओं ने कार्यालय खोलने के आदेश भी शहर कांग्रेस के नेताओं को दिए हैं, इसके बावजूद कार्यालय नहीं खुल पा रहे हैं।

Updated On:
20 Apr 2019, 02:07:22 PM IST

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