सावन की पहली सवारी आज, रजत पालकी में सवार होकर महाकाल देंगे भक्तों को दर्शन

Tanvi Sharma

Publish: Jul, 30 2018 12:42:31 PM (IST)

सावन की पहली सवारी आज, रजत पालकी में सवार होकर महाकाल देंगे भक्तों को दर्शन

उज्जैन में सावन माह के प्रत्येक सोमवार को बाबा महाकाल की सवारी निकाली जाती है। इस वर्ष सावन सोमवार की पहली सवारी आज 4 बजे निकाली जाएगी। सवारी महाकाल मंदिर से निकलेगी और सवारी निकलने से पहले दोपहर 3 बजे से 4 बजे तक महाकाल मंदिर के सभामंडप में बाबा के मनमहेश स्वरूप का पूजन कीया जाएगा। सावरी निकलने से पहले मंदिर के मुख्य द्वार पर सशस्त्र बल की टुकड़ी महाकाल बाबा को गार्ड ऑफ ऑनर (सलामी) देगी। उसी के बाद भगवान महाकाल मनमहेश रूप में रजत पालकी में सवार होकर भक्तों को दर्शन देने निकलेंगे। सवारी महाकाल मंदिर से निकलकर रामघाट पहुंचेंगी, रामघाट पर पूजन के बाद शाम 6.30 से 7 बजे के बीच मंदिर आएगी।

sawan sawari

इस बार छह सवारी

श्रावण-भादौ मास में इस बार भगवान महाकाल की छह सवारी निकलेगी। 30 जुलाई को पहली, 6 अगस्त को दूसरी, 13 अगस्त को तीसरी, 20 अगस्त को चौथी, 27 अगस्त को पांचवीं सवारी निकलेगी। 3 सितंबर जन्माष्टमी पर शाही सवारी निकलेगी। महाकाल की सवारी का स्वरूप हर दशक में बदलता रहा है।

 

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बाबा महाकाल व सवारी के दर्शन के लिए उमड़े भक्त

महाकाल मंदिर में बाबा के दर्शन के लिए रविवार रात से ही भक्तों की भीड़ उमड़ी है। यहां मध्यप्रदेश ही नहीं बल्की पूरे देशभर से श्रद्धालु बाबा के दर्शन के लिए यहां पहुंचे हैं। यहां भक्त अपनी बहुत सी मनोकामना लिए बाबा महाकाल के दरबार में पहुंचे हैं। सावन में बाबा के दर्शन करने से सभी भक्तों की इच्छाएं माहाकाल पूरी करते हैं। वैसे तो यहां सालभर ही भक्तों का तांता लगा रहता हैं लेकिन सावन माह में विशेष पूजा व दर्शन का महत्व हैं। मंदिर परिसर सुबह से ही बाबा महाकाल के जयकारों से गुंजायमान है।

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सांस्कृतिक व धार्मिक उत्सव

सावन माह में उज्जैन में महाकाल मंदिर में महोत्सव की शुरूआत हो जाती है। सवारी से पूर्व प्रति रविवार सांस्कृतिक व धार्मिक संध्या का आयोजन किया गया। इसमें स्थानीय कलाकार व देश-विदेश के कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति दी। वहीं मंदिर के सभागृह में संध्या को होने वाले कार्यक्रम ने भक्तों को काफी आनंदित किया।

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Web Title "Mahakal sawari 2018 : sawan somwar mahakal first sawari today"