Admission Alert: 28000 अभ्यर्थी, फिर भी नहीं भर पाई यूनिवर्सिटीज में 4900 सीटें

By: Sunil Sharma

Updated On:
10 Sep 2019, 01:39:52 PM IST

  • Admission Alert: निजी यूनिवर्सिटी में सरकारी कॉलेजों से 7.8 गुणा अधिक फीस, पांच वेटिंग लिस्ट जारी करने के बाद भी खाली रह गई सीटें

Admission Alert: कृषि के क्षेत्र में राजस्थान देश के अग्रणी राज्यों में हैं, लेकिन यहां निजी यूनिवर्सिटीज में कृषि की पढ़ाई इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट की पढ़ाई जितनी ही महंगी है। इसी के चलते ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र-छात्राएं कृषि की पढ़ाई भी नहीं कर पा रहे हैं। इसी का नतीजा है कि प्रदेश में यूजी (एग्रीकल्चर) ऑनर्स की महज छह हजार सीटें भी पूरी नहीं भर पाईं। हालांकि इन सीटों पर प्रवेश के लिए करीब 28 हजार छात्र-छात्राओं ने प्रवेश परीक्षा (JET) दी थी। एडमिशन की सूची में नाम आने के बावजूद निजी यूनिवर्सिटीज की महंगी फीस के कारण विद्यार्थी प्रवेश नहीं ले पाए। वहीं, राज्य वित्तपोषित यूनिवर्सिटीज और उनके संघटक कॉलेजों में तो सभी सीटें फुल हो गईं परन्तु निजी यूनिवर्सिटीज में आधी सीटें भी नहीं भरी जा सकी।

दूसरे राज्यों के अभ्यर्थियों के लिए विकल्प
रिक्त सीटों को भरने के लिए राज्य सरकार फिर से जेट परीक्षा आयोजित करवा रही है। प्रवेश के लिए आवेदन ऑनलाइन 26 अगस्त से 5 सितम्बर तक भरे गए थे। परीक्षा 15 सितम्बर को कोटा के विभिन्न केन्द्रों पर आयोजित की जाएगी। इस बार देश भर से अभ्यर्थी प्रवेश परीक्षा में भाग ले सकेंगे।

1840 में से हजार सीटें रिक्त
दरअसल, प्रदेश के सभी यूनिवर्सिटीज व कॉलेजों में यूजी (एग्रीकल्चर) ऑनर्स पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए कोटा यूनिवर्सिटीज ने लगभग डेढ़ माह पहले जेट परीक्षा का आयोजन किया था। परीक्षा के लिए 28 हजार अभ्यर्थी पंजीकृत हुए थे। परीक्षा के बाद मेरिट के आधार पर प्रवेश सूची जारी की गई। इसके माध्यम से सरकारी व संघटक कॉलेजों की तीन हजार व निजी यूनिवर्सिटीज की 1840 सहित 4900 सीटों पर एडमिशन होने थे। प्रवेश सूची से सरकारी कॉलेजों की सीटें फुल हो गईं। कोटा यूनिवर्सिटीज द्वारा पांच वेटिंग लिस्ट जारी करने के बाद भी निजी यूनिवर्सिटीज की हजार सीटें खाली रहे गईं।

सरकारी कॉलेजों से 7.8 गुणा फीस है प्राइवेट यूनिवर्सिटीज में
सरकारी कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में यूजी एग्रीकल्चर कोर्स की फीस 8.10 हजार व निजी यूनिवर्सिटीज में 60.80 हजार रुपए प्रतिवर्ष हैं।

Updated On:
10 Sep 2019, 01:39:52 PM IST

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