आपदा प्रबंधन पर दिए टिप्स, जागरुक करने मॉकड्रिल भी किया

By: Sanket Shrivastava

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Published: 25 Aug 2019, 10:16 AM IST

Damoh, Damoh, Madhya Pradesh, India

दमोह. जिला न्यायालय में आपदा प्रबंधन विषय पर माँकड्रिल एवं प्रशिक्षण आयोजित किया गया। प्रिसिंपल जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शंभू सिंह रघुवंशी के निर्देशन में जिला अधिवक्ता संघ के सभागार में होमगार्ड विभाग के सहयोग से आपदा प्रबंधन ने प्रशिक्षण दिया।
मॉकड्रिल एवं प्रशिक्षण के दौरान विशेष न्यायाधीश आरएस शर्मा, प्रधान न्यायाधीश कुटुम्ब न्यायालय राजीव कुमार सिंह, उषा तिवारी व जिला न्यायालय में पदस्थ समस्त न्यायाधीशगण, जिला सैनानी होमगार्ड संतोष शमा, कंपनी कामान्डर रजनी खटीक, सहायक प्राध्यापक स्वामी विवेकानंद विश्वविद्यालय सागर मनीष कुमार, अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष पंकज खरे, जिला विधिक सहायता अधिकारी रजनीश चैरसिया, अधिवक्तागण, न्यायालयीन कर्मचारी, पक्षकार व आपदा प्रबंधन की टीम उपस्थित रही।
कार्यक्रम में आपदा प्रबंधन की जागरूकता की आवश्यकताओंको लेकर आवश्यक जानकारियां दीं गईं। जिसमें बताया गया कि वर्तमान समय में व्यक्ति अपनी दैनिक दिनचर्या में अत्यधिक व्यस्त होने के कारण अपनी नैतिक, सामाजिक, जिम्मेदारी एवं सुरक्षा की ओर ध्यान नहीं दे पा रहा है। जिससे असमय आई आपदा से जन-धन व हानि देखने को मिलती है। आपदा से बचाव के संबंध में यह आवश्यक कि हम सभी आपदा के कारणों व बचाव के संबंध में जागरूक हो सकें।
स्वामी विवेकानंद विश्वविद्यालय सागर की आपदा यूनिट ने विशेष रूप से आग, एलपीजी विद्युत से होने वाली आपदा एवं उसके संबंध में मॉकड्रिल के माध्यम से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आग से होने वाली दुर्घटना को किस तरह से बचाया जा सकता है। आग को फैलने से कैसा रोका जा सकता है। साथ ही आग की दुर्घटनाओं के संबंध में प्रयोग होने वाले अग्निशामक यंत्रों के संबंध में जानकारी दी गई। बताया गया कि प्रत्येक भवन, कार्यालय और वाहनों में अग्निशामक यंत्र होना चाहिए ताकि किसी दुर्घटना होने पर बचाव किया जा सके।
जिला सैनानी संतोष शर्मा ने भूकंप, बाढ़ इत्यादि से होने वाली आपदाओं एवं उससे बचाव व सुरक्षा के बारे में विस्तृत जानकारी दी। आभार अपर जिला न्यायाधीश, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण माखनलाल झोड़ ने माना।

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