राज्य की जनता कर रही बिजली कटौती का सामना

By: Santosh Tiwari

Published On:
Sep, 11 2018 09:55 PM IST

  • भ्रष्टचार के चलते कई बिजली परियोजनाएं शुरू नहीं की जा रही हैं : स्टालिन

चेन्नई. डीएमके अध्यक्ष एम.के. स्टालिन ने मंगलवार को कहा कि पिछले कुछ दिनों से बिना किसी पूर्व सूचना के राज्य के विभिन्न हिस्सों में लोगों को बिजली कटौती का सामना करना पड़ रहा है। लेकिन १६०० मेगावाट की कमी के सच को सामने लाने के बजाय तांजेडको रखरखाव और अन्य कारणों का हवाला दे रहा है।

सरकार द्वारा कदम उठाया जाना चाहिए

यहां जारी एक विज्ञप्ति में डीएमके अध्यक्ष एम.के. स्टालिन ने कहा अचानक हो रही बिजली कटौती को रोकने के लिए सरकार द्वारा कदम उठाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा भ्रष्टचार के चलते कई बिजली परियोजनाएं शुरू नहीं की जा रही हैं। सूत्रों ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से तमिलनाडु के बहुत से गांवों और कावेरी डेल्टाई क्षेत्र के टाउन इलाके के लोगों को बिजली कटौती का सामना करना पड़ रहा है। सुबह और शाम दोनों समय बिजली कटौती की जा रही है। इसके अलावा मदुरै के ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोग इस समस्या से जूूझ रहे हैं। इससे पहले स्टालिन ने केंद्र सरकार से ईंधन की कीमतों में की गई वृद्धि वापस लेने का आग्रह किया। उन्होंने केंद्रीय उत्पाद शुल्क वापस लेकर जनता को राहत देने की मांग की। ट्वीट कर एम.के. स्टालिन ने केंद्र सरकार को पूरी तरह वेसुध बताते हुए निंदा की।

पेट्रोल व डीजल की कीमतों में हो रही वृद्धि से जनता झेल रही परेशानियां

उन्होंने कहा पेट्रोल व डीजल की कीमतों में हो रही वृद्धि की वजह से जनता को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लेकिन इस मामले में केंद्र सरकार चुप बैठी है। कांगे्रस द्वारा किए गए भारत बंद में लोगों का गुस्सा दिख रहा था। उन्होंने केंद्र सरकार से उत्पाद शुल्क वापस लेने और जनता को चिंता मुक्त करने का आग्रह किया। साथ ही उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री एडपाडी के. पलनीस्वामी से भी कीमतों को घटाने का आग्रह किया गया है।

Published On:
Sep, 11 2018 09:55 PM IST