Janmashtami festival: ब्रज में 'माखनचोरÓ के जन्म को लेकर उत्साह, मंदिरों में दर्शनार्थियों की उमड़ी भीड़

By: Rohit Sharma

Updated On:
24 Aug 2019, 12:42:35 PM IST

  • जन्माष्टमी पर्व को लेकर पूरे ब्रज क्षेत्र में शनिवार से ही माहौल देखने का लायक है। यहां पर हर कोई श्रीकृष्ण की भक्ति में लीन है और वह अब केवल अपने 'लालाÓ के जन्म का इतंजार में पलकें लगाए बैठा है।

भरतपुर. जन्माष्टमी पर्व को लेकर पूरे ब्रज क्षेत्र में शनिवार से ही माहौल देखने का लायक है। यहां पर हर कोई श्रीकृष्ण की भक्ति में लीन है और वह अब केवल अपने 'लालाÓ के जन्म का इतंजार में पलकें लगाए बैठा है। पड़ोसी जिले मथुरा में कान्हा के जन्मस्थान पर सुबह से ही सैकड़ों की संख्या में दर्शनार्थियों भीड़ जुटना शुरू हो गई है। जन्म स्थान के बाहर भक्तों की लम्बी कतार लगी हुई है। पुलिस व प्रशासन को भक्तों को संभालने में पसीना बहाना पड़ रहा है।

 

वहीं, भरतपुर शहर में भी सुबह से ही मंदिरों में भगवान श्रीकृष्ण के जन्म की तैयारियों जोर-शोरों से चल रही हैं। मंदिर में सुबह से ही भक्तों का दर्शन के लिए पहुंचना शुरू हो गया। शहर के प्रसिद्ध मंदिर बिहारीजी में भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी है। इसी तरह शहर के दूसरे मंदिरों में भी दर्शनार्थियों की कतार लगी हुई है। यहां मथुरा में श्रीकृष्ण की जन्म भूमि परिसर में आज होने वाले कान्हा के जन्म के उपलक्ष्य में ठाकुरजी की आरती उतारकर महोत्सव का शुभारंभ किया गया। रामजन्म भूमि न्यास अयोध्या के अध्यक्ष महंत नृत्यगोपाल दास व कााष्र्णि गुरू शराणानंद व अन्य आरती का शुभारंभ किया।

 


कामां में आज से शुरू हुआ दो दिवसीय महोत्सव


जिला प्रशासन, पर्यटन विभाग एवं नगर पालिका कामां के संयुक्त तत्वावधान में श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर दो दिवसीय कामां उत्सव के तहत विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन आज और कल होगा। इसकी शुरुआत शनिवार सुबह 5 बजे से श्री गोकुल चन्द्रमा, श्री गोपीनाथ एवं मदन मोहन मन्दिरों से शहनाई वादन के साथ हुई। वहीं, कोट उपर मैदान में शाम साढ़े सात बजे से रासलीला तथा रात्रि 12 बजे गोकुल चन्द्रमा एवं मदन मोहन मन्दिर में श्रीकृष्ण जन्म दर्शन होंगे। इसी तरह 25 अगस्त को सुबह 5 बजे से गोकुल चन्द्रमा, श्री गोपीनाथ एवं मदन मोहन मन्दिरों से शहनाई वादन किया जाएगा। सुबह 9 से 11 बजे तक गोकुल चन्द्रमा एवं मदन मोहनजी मन्दिर में नन्दोत्सव तथा अपराह्न साढ़े तीन बजे से मदनमोहनजी मंदिर से मुख्य बाजार होते कोट ऊपर मैदान तक शोभायात्रा निकाली जाएगी। शाम साढ़े चार बजे कोट ऊपर मैदान में मटकी फोड तथा सवा सात बजे से सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा। देवस्थान विभाग की ओर से गोकुलेन्द्र प्रभु मंदिर में सुबह 4 बजे पंचामृत दर्शन का आयोजन हुआ। शाम 6 बजे उत्थापन दर्शन एवं शाम 7 बजे संध्या आरती दर्शन, जागरण दर्शन एवं रात्रि 12 बजे जन्म दर्शन होंगे। डॉ. मकरंद के अनुसार 25 अगस्त को प्रात: 6 बजे पालना दर्शन, प्रात: 9 बजे से यशोदा, नंद, गोपी-ग्वाल के साथ नन्दोत्सव मनाया जाएगा। इसी प्रकार मदनमोहन मंदिर में सुबह स्नान पंचामृत हुए और दोपहर में राजभोग दर्शन का आयोजन हुआ। रात 12 बजे श्रीकृष्ण जन्म दर्शन होंगे। वहीं, 25 अगस्त को प्रात: 10.30 से दोपहर 12.30 बजे तक नन्दोत्सव का आयोजन होगा। 25 अगस्त को होने वाली सांस्कृतिक संध्या में कालबेलिया नृत्य, अलगोजा नृत्य, भवाई नृत्य, चरी नृत्य, चकरी नृत्य, कच्ची घोडी नृत्य व नाग लपेटा आदि के आयोजन होंगे।

Updated On:
24 Aug 2019, 12:42:35 PM IST

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।