Video : बांसवाड़ा : जिलास्तरीय कार्यक्रम में यूं उखड़ीं आशा सहयोगिनियां, अधिकारियों को देना पड़ा दिलासा

By: deendayal sharma

Published On:
Jan, 30 2019 09:27 PM IST

 

बांसवाड़ा. कलक्ट्री परिसर स्थित जनजाति भवन के सभागार में बुधवार को एनीमिया और नशामुक्त राजस्थान अभियान के शुरुआती समारोह में आशा सहयोगिनियां अपनी समस्याओं को लेकर मुखर हो उठीं। यहां एक-एक कर फील्ड की अपनी दिक्कतें गिनाने पर अधिकारी भी एकबारगी सन्न रह गए। बाद में सीएमएचओ डॉ. पीआर मीना और फिर खुद कलक्टर आशीष गुप्ता को बोलना पड़ा। दोनों अधिकारियों ने आशाओं से उनकी बात सरकार तक पहुंचाने का आश्वासन दिया, तब महिलाएं कुछ शांत हुई। हुआ यूं कि इस कार्यक्रम के साथ प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत जिलास्तरीय पुरस्कार वितरण समारोह भी था। इसकी ड्यूटी 9 तारीख को आनी है। आयोजन के दौरान आशाओं ने यह कहकर दर्द जताना शुरू कर दिया कि प्रेरित करके मोतियाबिंद ऑपरेशन कराने के केस लाने के पैसे भी विभाग से उन्हें नहीं मिले हैं। एक आशा ने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग का कार्यक्रम है, फिर भी हम यहां हैं। फिर नौ जनवरी को शिविर में डॉक्टर कहेंगे एएनसी केस लाओ। सब जिम्मेदारी आशाओं पर है, लेकिन छह-छह महीने से परेशान हो रहे हैं और कोई नहीं सुनता। पैसा वक्त पर नहीं मिलता। बात किसी भी तरह की हो, हर बार हम पर ही दबाव बनाया जाता है। बहुत हो चुका, अब तो देखें। इस पर सीएमएचओ ने दखल दिया पर बात नहीं बनी तो एमजी अस्पताल की हैल्थ मैनेजर हेमलता जैन ने आशाओं के पास जाकर शांत करने का प्रयास किया। आखिर में खुद कलक्टर गुप्ता ने भी आशाओं की बात सरकार तक पहुंचाने का भरोसा दिलाया, तब सभी शांत हुईं।

Published On:
Jan, 30 2019 09:27 PM IST

खबरें और लेख पढ़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते हैं। हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते हैं।