समर्थन मूल्य पर खरीद शुरु, अनशन समाप्त

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Updated: 02 Jul 2020, 09:15 AM IST

समर्थन मूल्य खरीद

समर्थन मूल्य पर खरीद शुरु, अनशन समाप्त
टोडारायसिंह. यहां समर्थन मूल्य पर चने की खरीद शुरू होने के बाद बुधवार को किसानों ने अनशन समाप्त कर दिया। इस दौरान नायब तहसीलदार सीताराम लक्षकार ने मौके पर पहुंचकर खरीद प्रक्रिया शुरू करवाने के साथ अल्पाहार करवाकर किसानों का अनशन समाप्त करवाया।
उल्लेखनीय है कि तीन दिन पूर्व राजफेड ने कस्बे समेत दाबड़दुम्बा व गणेती स्थित समर्थन मूल्य खरीद केन्द्र पर चना खरीद की क्षमता पूर्ण होने पर खरीद बंद कर दी थी। जबकि सैकड़ों किसानों को राजफैड के तहत खरीद की तारीख आवंटित की जा चुकी थी। इसको लेकर किसानों में नाराजगी थी। खरीद शुरू नहीं होने पर मंगलवार को खरीद केन्द्र पर किसान नेता रतन खोखर की अगुवाई में किसान अनशन पर बैठ गए थे। तहसील प्रशासन की समझाइश के बावजूद खरीद शुरू नहीं होने तक किसान अनशन जारी रहने को अड़े रहे। उच्च अधिकारियों से वार्ता के बीच पुन: खरीद शुरू करने का आश्वान दिया गया। मंगलवार देर शाम आदेश जारी होने के बाद बुधवार को नायब तहसीलदार सीताराम लक्षकार ने मौके पर पहुंच खरीद प्रक्रिया शुरू करवाई तथा किसानो को अल्पहार करवाकर अनशन समाप्त करवाया। इधर, दोनों राजनीतिक दलों के नेताओं के बीच श्रेय लेने की होड़ मची है।
चने की तुलाई शुरू
मालपुरा. कृषि उपज मंडी में बुधवार को क्रय विक्रय सहकारी समिति की ओर से समर्थन मूल्य पर चने की तुलाई का कार्य शुरू किया गया। जिसमें 135 किसान अपना माल लेकर तुलवाने पहुंचे। किसान यूनियन ने टोकन जारी करने की मांग को लेकर क्रय विक्रय सहकारी समिति के मैनेजर से वार्ता की।
क्रय विक्रय सहकारी समिति की ओर से मंडी परिसर में समर्थन मूल्य पर चने की तुलाई का कार्य राजफेड के आदेशानुसार शुरू किया, जिसमें 29 जून तक के 135 टोकन धारी किसान अपना चना तूलाने के लिए माल लेकर पहुंचे। वहीं किसान यूनियन के छोटू नागा, जयराम डोकरिया ,खुशीराम ,कमल कुमार, हरिराम सहित कई लोगों ने क्रय विक्रय सहकारी समिति के मैनेजर से ऑनलाइन आवेदन कर रखे किसानों को राजफैड द्वारा टोकन जारी करने की मांग रखी एवं तुलाई लगातार जारी रखने की बात कही। इस पर प्रबंधक ने टोकन जारी करने के मामले में अवगत कराया कि टोकन जारी करने का कार्य राजफेड का है। राजफैड द्वारा टोकन जारी किए जाते हैं तो माल की तुलाई जारी रखी जाएगी। गौरतलब है कि राजफेड की ओर से 29 जून तक किसानों को टोकन जारी किए गए हैं।