सर्दी-जुखाम के 30 फीसदी बढ़े मरीज

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Published: 07 Mar 2020, 08:30 AM IST

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सागर के बीएमसी में कोरोना को लेकर नहीं बरती जा रही सतर्कता शुक्रवार को ओपीडी व दवा वित्तरण केन्द्र व जांच केन्द्र पर लगी मरीजों लम्बी लाइनें

सागर. बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज में कोरोना वायरस को लेकर सतर्कता नहीं बरत रहा है। भोपाल में कोरोना वायरस के संदिग्ध मामले सामने आने के बाद मेडिकल कॉलेजों में सर्दी-खांसी और बुखार से पीडि़त मरीजों के लिए अलग से ओपीडी व्यवस्था की गई है, लेकिन बीएमसी में सावधानी के तौर पर इस प्रयोग को फॉलो नहीं किया जा रहा है। इन दिनों सर्दी खासी और बुखार के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। इन मरीजों को अन्य मरीजों के साथ एक ही ओपीडी में उपचार दिया जा रहा है। जबकि प्रबंधन चाहे तो सर्दी खांसी और बुखार से पीडि़त मरीजों के लिए अलग से ओपीडी शुरू कर सकता है।बता दें कि बीएमसी में प्रतिदिन 70 से 90 सर्दी खांसी और बुखार से पीडि़त नए मरीज चेकअप कराने पहुंच रहे हैं। इनके छीकने और खाँसने से अन्य मरीज प्रभावित हो सकते हैं।बीएमसी में मेडिसिन और ईएनटी विभाग में डॉक्टरों की संख्या मरीजों के हिसाब से ठीक है। जूनियर डॉक्टर भी सहयोग के रूप में उपलब्ध हैं। यदि प्रबंधन एक-एक डॉक्टर को अलग ओपीडी में तैनात करता है, तो प्रतिदिन आने वाले सर्दी खांसी और बुखार के मरीजों का अलग से ट्रीटमेंट हो सकता है। वही संदिग्ध मरीजों को विशेष रूप से उपचार लिया जा सकता है। इस व्यवस्था से अन्य मरीज इनफेक्टेड भी नहीं होंगे।