Coronavirus: लॉकडाउन से हवा हुई इतनी साफ कि बच गई 11 हजार लोगों की जिंदगी!

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Updated: 01 May 2020, 04:37 PM IST

-Coronavirus: लॉकडाउन ( COVID-19 Lockdown ) से भले ही लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है, लेकिन प्रकृति के लिए वरदान साबित हो रहा है।
-Coronavirus Update: वातावरण में शुद्ध हवा ( Air Quality ) की बयार बहने के साथ नदियों का पानी अपने आप साफ होने लगा है। यूरोप में लॉकडाउन ( Lockdown ) के चलते हवा इतनी साफ हो गई कि पिछले दिनों में 11 हजार लोगों की मौत कम हुई हैं।

Coronavirus: कोरोना ( COVID-19 ) वायरस के संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए दुनियाभर में लॉकडाउन ( Lockdown ) किया हुआ है। बाजार से लेकर कारखाने सभी बंद हैं तो वहीं लोग भी अपने घरों में कैद हैं। लॉकडाउन ( Coronavirus Lockdown ) से भले ही लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है, लेकिन प्रकृति के लिए वरदान साबित हो रहा है। वातावरण में शुद्ध हवा ( Air Quality ) की बयार बहने के साथ नदियों का पानी अपने आप साफ होने लगा है। यूरोप में लॉकडाउन के चलते हवा इतनी साफ हो गई कि पिछले दिनों में 11 हजार लोगों की मौत कम हुई हैं। लॉकडाउन के सकारात्मक असर को लेकर एक रिपोर्ट सामने आई है। जिसमें कहा गया है कि हवा साफ होने के चलते लोगों की मृत्यु दर में कमी आई है।

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theguardian.com के मुताबिक, सेंटर फॉर रिसर्च ऑन एनर्जी एंड क्लीन एयर ने स्टडी के बाद इस रिपोर्ट में कहा गया कि लॉकडाउन के चलते ट्रांसपोर्ट और इंडस्ट्रियल का प्रदूषण ( Pollution ) कम होने के कारण करीब 6 हजार बच्चों में अस्थमा अटैक के मामले कम आए हैं। साथ ही अस्पताल में आपातकालीन भर्ती के 1900 मामले कम हुए हैं। इसके अलावा प्रीटर्म बर्थ के 600 मामले कम हुए हैं। रिपोर्ट में कहा गया, यूरोपियन देशों में प्रदूषण का स्तर कम होने का सबसे ज्यादा फायदा जर्मनी को मिला है। जहां हवा की वजह से 2083 लोगों की मौत कम हुई हैं। ब्रिटेन में भी इसका आंकड़ा कम हुआ है। यहां 1490 लोगों की मौत कम हुई हैं। साथ ही फ्रांस में 1230 और स्पेन में 1083 लोगों की मौत कम हुई।

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नाइट्रोजन ऑक्साइड का लेवल हुआ कम
रिपोर्ट में कहा गया, लॉकडाउन का बेहद ही सकारात्मक परिणाम आ रहे है। हवा की गुणवत्ता में काफी सुधार हुआ है। पिछले साल के मुकाबले देखें इस साल नाइट्रोजन ऑक्साइड का लेवल 40 फीसदी तक कम हुआ है। पीएम का लेवल पिछले साल की तुलना में 10 फीसदी कम हुआ है।