निर्भया का एक गुनहगार अभी भी है जिंदा, बहुत कम लोगों ने देखा चेहरा

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Updated: 20 Mar 2020, 01:56 PM IST

  • Nirbhaya का एक दोषी अब भी है जिंदा
  • बहुत कम लोग ही देख पाए हैं अब तक उसका चेहरा
  • देश के किसी कोनो में जी रहा गुमनाम जिंदगी

नई दिल्ली। निर्भया ( Nirbhaya Case ) के माता-पिता को लंबे संघर्ष के बाद आखिरकार वो पल से रूबरू होने का मौका मिला जब उनकी बेटी के दोषियों को जल्लाद पवन ( Jallad Pawan ) ने तय समय के मुताबिक फांसी के फंदे पर लटका दिया। इसी के साथ देशभर में उन बेटियों ने सुकून की सांस ली जिनके साथ इस तरह के हादसे हुए हैं।

आपको बता दें कि इन सबके बीच निर्भया का एक दोषी अब भी जिंदा है। निर्भया का ये दोषी देश के किसी कोने में गुमनाम जिंदगी जी रहा है।

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आपको बता दें कि दिल्ली की पटियाला हाउस की ओर से जारी डेथ वांरट ( Death Warrant ) के मुताबिक, शुक्रवार सुबह निर्भया के सभी चारों दोषियों विनय कुमार शर्मा, पवन कुमार गुप्ता, मुकेश सिंह और अक्षय कुमार सिंह को फांसी दे दी गई।

इस तरह निर्भया को साढ़े सात साल बाद अब जाकर इंसाफ मिला है।

निर्भया कांड को अंजाम देने में 6 लोग शामिल थे। 16 दिसंबर, 2012 को दिल्ली के वसंत विहार में 23 वर्षीय पैरामेडिकल की छात्रा के साथ चलती बस में दरिंदगी की गई थी।

इस दरिंदगी में कुल छह लोग शामिल थे। इनमें पांच के नाम राम सिंह, विनय, पवन, मुकेश और अक्षय हैं, जबकि छठा आरोपित नाबालिग था।

एक आरोपित राम सिंह ने गैंगरेप की घटना के एक साल बाद 2013 में तिहाड़ जेल में ही फांसी लगा ली थी।

इन सबके बीच जो बड़ी खबर है वो ये कि छठा दोषी अभी जिंदा है।

ये छठा दोषी वही है जो नाबालिग होने की वजह से जुवेनाइल कोर्ट की ओर से दी गई सजा काट चुका है।

फिलहाल ये छठा दोषी देश के किसी कोने में अपनी सजा पूरी करने के बाद गुमनाम जिंदगी जी रहा है।

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आपको बता दें कि दिल्ली पुलिस ने जी तोड़ मेहनत के बाद 24 घंटे के अंदर निर्भया के 6 दोषियों को गिरफ्त में ले लिया था। जब इन सभी दोषियों को अदालत में पेश किया गया था तब एक दोषी ने खुद को नाबालिग बताया था। उसके कागजात और तथ्यों को देखने के बाद कोर्ट ने उसे जुवेनाइल कोर्ट भेज दिया था।

देश के इस इलाके में बसर कर रहा जिंदगी

इस नाबालिग दोषी पर मुकदमा चला और उसके बाद इसे सुधारगृह भेजा गया था। यहां से वर्ष 2016 में इस दोषी को सजा पूरी होने पर रिहा कर दिया गया था।

वैसे तो इसके बाद उसके बारे में किसी को ज्यादा जानकारी नहीं मिली। लेकिन इतना जरूर सामने आया कि ये छठा दोषी दक्षिण भारत के किसी इलाके में बतौर बावर्ची जिंदगी बसर कर रहा है।