लॉकडाउन-4: राज्य की गाइडलाइन आज, ग्रीन जोन में पब्लिक ट्रांसपोर्ट करेंगे शुरू, रेड जोन में सख्ती

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Updated: 18 May 2020, 01:47 PM IST

रेड जोन में पहले की तरह सख्ती रहेगी।

भोपाल. मध्यप्रदेश में लॉकडाउन के चौथे चरण का सोमवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ऐलान करेंगे। हालांकि केन्द्र के हिसाब से लॉकडाउन का चौथा चरण लागू हो गया है। मध्यप्रदेश में 31 मई तक लॉकडाउन रहेगा। हालांकि इस बार ग्रीन जोन में कई रियासतें मिलेंगी।

ग्रीन जोन को लेकर प्लान
ग्रीन जोन में जिला के भीतर पब्लिक ट्रांसपोर्ट शुरू हो सकता है। प्रदेश के सभी जोनों में शाम 7 बजे से सुबह 7 बे तक कर्फ्यू रहेगा। इस दौरान कोई भी बाजार नहीं खुलेंगे लेकिन निजी वाहनों से आवाजाही पर छूट रहेगी। रेड जोन में चरणबद्ध तरीके से गतविधियां शुरू होगीं। वहीं, संक्रमित जोन पूरी तरह से सील रहेंगे।

प्रदेश के लिए तैयार किए गए प्लान में सबसे ज्यादा छूट ग्रीन जोन को मिलेगी। इसमें वे जिले शामिल हैं जो संक्रमित होने के बाद क्लीन हुए हैं। इन जिलों में आर्थिक गतिविधियां शुरू हो सकेंगी लेकिन सोशल डिस्टेंसिंग और मेडिकल मापदंडों का पालन करना होगा। बड़े बाजार और भीड़भाड वाले क्षेत्रों के अभी खुलने की संभावना कम है। ऑरेंज जोन में भी आर्थक गतिविधियां शुरू हो सकेंगी। ऑरेंज जोन के संक्रमित क्षेत्रों को पूरी तरह से सील किया जाएगा।

मंत्रालय और सचिवालय जनता के लिए बंद
प्रदेश के सरकारी दफ्तरों में 31 मई तक तीस फीसदी कर्मचारी ही आएंगे। वहीं, जनता के लिए सरकारी दफ्तर अभी नहीं खुलेंगे। चुनिदा जगहों पर कामकाज शुरू किया जा सकेगा। वहीं, मंत्रालय भी अभी जनता के लिए नहीं खुलेगा। लेकिन 30 फीसदी कर्मचारी का फार्मूला अभी चलता रहेगा।

राज्य में फिलहाल बंद रहेंगे ये स्थान
राज्य में स्कूल-कॉलेज, शैक्षणिक संस्थान, आंगनबाड़ियां, रेस्टोरेंट, होटल, पिकनिक स्थल, मनोरंजन पार्क, वॉटर पार्क, धार्मिक स्थल, टूरिज्म स्थल, स्पॉट स्टेट- नेशनल हाइवे, जिलों में आपसी आवाजाही और सामुदायिक स्थल व अन्य सार्वजानिक केन्द्र फिलहाल बंद रहेंगे।

राज्य सरकारों के पास क्या अधिकार
दो राज्यों के बीच बस सेवा भी शुरू हो सकती है हालांकि इसके लिए दोनों राज्यों की सहमति जरूरी है।
सरकारें अपने स्तर पर फैसला कर राज्यों के अंदर भी बसें शुरू कर सक सकती हैं।
ग्रीन, ऑरेंज और रेड जोन अब राज्य सरकारें खुद तय करेंगी।
रेड और ऑरेंज जोन के अंदर जिला प्रशासन कंटेनमेंट जोन और बफर जोन तय करेगा।