आए दिन कालापत्थर रेलवे फाटक बंद होने से लगता है जाम, चालक परेशान

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Published: 03 Apr 2021, 10:31 AM IST

इंदौर-इच्छापुर हाइवे स्थित कालापत्थर फाटे पर बने रेलवे फाटक से लोग त्रस्त

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खरगोन. इंदौर-इच्छापुर हाइवे स्थित कालापत्थर फाटे पर बने रेलवे फाटक से हर वर्ग परेशान है। जब इस रेलवे ट्रेक से मालगाड़ी गुजरती है तो 15 से 20 मिनट पहले रेलवे फाटक बंद कर दिया जाता है। मालगाड़ी गुजरने के बाद फाटक खुलती है, तो रेलवे के दोनों तरफ छोटे-बड़े वाहनों की लंबी कतार लग जाती है।

वाहनों के एक साथ निकलने से जाम की स्थिति निर्मित हो जाती है। लोगों को फाटक खुलने के लिए 15 से 20 मिनट इंतजार करना पड़ता है। ऐसे में कई बार एंबुलेंस भी फाटक खुलने के बाद लगे जाम में फंस जाती है। इससे मरीज व उनके स्वजन को फाटक खुलने का इंतजार करना महंगा पड़ता है। यहां पर पुलिस प्रशासन नही होने से बस चालक व छोटे वाहन वाले अपनी मनमर्जी व जल्दबाजी से वाहन निकालने के चक्कर में कई बार जाम की स्थिति भी बनती है।
जिससे वाहन चालक आपस में उलझ भी जाते है। इन लोगों को गेटमैन को बड़ी मशक्कत करनी पड़ती है। ग्रामीण शोभागसिंह चौहान, हरेसिंह चौहान, प्रकाशसिंह चौहान, दिलीपसिंह बैरागढ़, उत्तमसिंह चौहान ने रेलवे फाटक पर पुलिस बल तैनात करने की बात कही है। रेलवे प्रशासन द्वारा रेलवे फाटक पर वर्तमान में कोई पुलिस बल तैनात नहीं किया जाता। जिसके कारण वाहन चालकों को जहां जगह मिलती है। वहां अस्त-व्यस्त वाहन खड़े कर देते है। जिससे लोगों को जाम से दो-चार होना पड़ता है। रेलवे फाटक की समस्या से आमजन परेशान है।

पुलिस बल तैनात करने की मांग
रेलवे फाटक की समस्या से निजात दिलाने के लिए पुलिस प्रशासन ने द्वारा जवानों की ड्यूटी नहीं लगाई गई है । इस दौरान रेलवे फाटक बंद होते ही आगे दोपहिया वाहन, पीछे चार पहिया वाहन व उनके पीछे बड़े वाहन खड़े कराने की व्यवस्था नहीं होती है। जिससे फाटक खुलने के बाद दोनों तरफ से वाहन एक साथ निकलने लगते हैं। वर्तमान में रेलवे फाटक पर पुलिस जवानों की तैनाती नहीं होने से रेलवे फाटक बंद दौरान बड़े वाहन व छोटे वाहन एक साथ खड़े हो जाते है। जिससे जाम की स्थिति निर्मित होना आम बात हो गई है। वाहन चालकों को जाम से दो-चार होना पड़ता है। यहां पर पुलिस प्रशासन नहीं होने से बस चालक व छोटे वाहन वाले अपनी मनमर्जी व जल्दबाजी से वाहन निकालने के चक्कर में कई बार जाम की स्थिति भी बनती है। जिससे वाहन चालक आपस में उलझ भी जाते है इन लोगों को गेटमेन को बड़ी मशक्कत करनी पड़ती है।

सालभर से बंद पड़ा ब्रिज का काम
फाटक बंद दौरान इंदौर-इच्छापुर मार्ग दो भागों में बट जाता है। रेलवे ट्रेक पर अब मालगाडिय़ों की आवाजाही भी अधिक रहती है। ग्रामीणों ने बताया कि कालापत्थर फाटे पर ब्रिज का कार्य भी विगत एक साल से बंद पड़ा है जिससे भी लोगो को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने शासन से रेलवे ब्रिज जल्द तैयार करने की बात कही है। जाम की समस्या से बचा जा सके।