कृष्णा यादव की पुलिस हिरासत में मौत मामले में समाजवादी पार्टी ने लिया बड़ा फैसला

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Published: 14 Feb 2021, 11:19 AM IST

  • रामगोविंद चौधरी के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी का पैनल (Custodial Death Panel) जाएगा मृतक के घर
  • कृष्णा यादव (Krishna Yadav) पुलिस हिरासत में मौत (Custodial Death) को लेकर जमकर हुआ था हंगामा, चार पुलिस वाले हुए हैं सस्पेंड

कृष्णा यादव की पुलिस हिरासत में मौत मामले में समाजवादी पार्टी ने लिया बड़ा फैसला

पत्रिका न्यूज नेटवर्क

जौनपुर. पुलिस कस्टडी में हुई कृष्णा यादव उर्फ 'पुजारी' की मौत के बाद समाजवादी पार्टी में भी अब इसमें कूद पड़ी है। राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर पुलिस हिरासत में मौत (Custodial Death) की जांच (Probe) के लिये समाजवादी पार्टी नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी (Ram Govind Chaudhary) के नेतृत्व में 11 नेतओं का एक पैनल (Samajwadi Party Panel) बनाया है, जिसमें कई विधायक और पूर्व सांसद भी शामिल हैं। सपा की जांच टीम आज (रविवार को) जौनपुर में कृष्णा यादव के घर जाएंगे। यह भी कहा जा रहा है कि यह टीम कृष्णा यादव की जांच कर रिपोर्ट अखिलेश यादव को सौंपेगी।


नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी के साथ शाहगंज विधायक शैलेंद्र यादव ललई, मल्हनी विधायक लकी यादव, मछली शहर विधायक जगदीश सोनकर के साथ कई पूर्व सांसद और पूर्व विधायक बक्शा थाना क्षेत्र के चक मिर्जापुर स्थित कृष्णा यादव के घर पहुंचेंगे। यहां समाजवादी पार्टी के नेता कृष्णा यादव (Krishna Yadav) के परिवार से मिलेंगे। यह भी जानने की कोशिश करेंगे कि घटना वाली रात क्या हुआ था। इसके बाद वह सारी रिपोर्ट तैयार कर अखिलेश यादव को सौंपेंगे।

 

बता दें कि पुलिस ने बीते गुरुवार शाम कृष्णा उर्फ किशन उर्फ पुजारी को हिरासत में लिया था। उसे थाने ले जाकर घंटों पूछताछ की गई। आरोप है कि इस दौरान उसकी जमकर पिटाई की गई। जिससे उसकी हालत खराब हो गई। पुलिस कृष्णा को सीएचसी ले गई वहां हालत गंभीर देख डॉक्टरों ने उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया। उपचार के दौरान वहां उसकी मौत हो गई।

 

खबर मिलते ही ग्रामीण उग्र हो गए और जिला अस्पताल की मोर्चरी के बाहर हंगामा करने लगे। यहां से काफी संख्या में लोग इलाहाबाद हाईवे स्थित पकड़ी के पास भी धरने पर बैठ गए। इस दौरान हुई पत्थरबाजी में कई पुलिसवाले घायल भी हुए थे। हालांकि 7 घंटे के बाद प्रशासन ने किसी तरह जाम खुलवा लिया।

By Javed Ahmad