सीमा पार से आई टिड्डियों पर 'एयर स्ट्राइक'

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Published: 04 Jul 2020, 07:14 PM IST

-सीमावर्ती जैसलमेर में तैनात किया हेलीकॉप्टर
-वायुसेना के एमआइ-१७ हेलीकॉप्टर भी करेंगे टिड्डियों का सफाया

जैसलमेर. पश्चिमी सीमा पर पाकिस्तान से आने वाले टिड्डी दलों पर शनिवार को जैसलमेर के सीमावर्ती क्षेत्रों में हेलीकॉप्टर से धावा बोला गया। जिले के सरहदी बांधा क्षेत्र की ५५ से ६५ आरडी के बीच टिड्डियों के पड़ाव की सूचना विभाग को मिलने के बाद किसानों की फसलों व अन्य वनस्पति के लिए आतंक का सबब बने इन अवांछित मेहमानों पर एयर स्ट्राइक की कार्रवाई का आगाज वहीं से किया गया। जिले में निजी कंपनी के एक हेलीकॉप्टर ने शनिवार सुबह जैसलमेर के पुलिस लाइन मैदान में बने हेलीपैड से उड़ान भरी। इससे पहले वहां हेलीकॉप्टर में पेस्टिसाइड और जरूरी पानी का बंदोबस्त किया गया। बताया जाता है कि शनिवार शाम तक भारतीय वायुसेना का एमआई-17 हेलीकॉप्टर भी टिड्डी नियंत्रण के बेडे़ में शामिल हो जाएगा। हेलीकॉप्टर को उड़ान पर भेजने के वक्त कृषि अधिकारी राधेश्याम नारवाल, टिड्डी नियंत्रण अधिकारी राजेश कुमार आदि मौजूद थे।
निजी हेलीकॉप्टर की कम है क्षमता
सीमापार से आकर जैसलमेर-बाड़मेर सहित राजस्थान के अन्य जिलों के साथ अब देश की राजधानी के साथ कई राज्यों में मुसीबत का पर्याय बन चुकी टिड्डियों के खात्मे के लिए पूर्व में माउटेंड स्प्रेयर ट्रैक्टर और ड्रोन को आजमाया जा चुका है। इसकी अगली कड़ी में अब हेलीकॉप्टर की मदद ली जा रही है। जानकारी के अनुसार निजी हेलीकॉप्टर एक बार में महज 250 लीटर कीटनाशक का स्प्रे सिर्फ 50 हेक्टेयर क्षेत्र में ही कर सकता है। इसमें पायलट के नीचे दोनों तरफ स्प्रे करने की सुविधा है। कंपनी से हुए करार के तहत 60 दिन में इसकी 100 घंटे की उड़ान जरूरी की गई है। गौरतलब है कि इससे पहले एक हेलिकॉप्टर बाड़मेर जिले के उत्तरलाई एयरबेस पर तैनात किया जा चुका है। अब जैसलमेर में भी हेलीकॉप्टर को लाया गया है। जरूरत पडऩे पर इसका इस्तेमाल बाड़मेर के साथ जोधपुर, बीकानेर और नागौर जिलों में किया जा सकेगा। वहीं टिड्डियों के ाात्मे के लिए ाारतीय वायुसेना ने अपने तीन एमआई-17 हेलीकॉप्टरों को टिड्डी पर स्प्रे करने के लिए तैयार किया है। ये हेलीकॉप्टर सिर्फ 40 मिनट में 750 हेक्टेयर क्षेत्र में 800 लीटर कीटनाशक का छिड़काव कर सकते हैं।इन तीन में से एक हेलीकॉप्टर को जोधपुर एयरबेस पर तैनात किया जाएगा। यहां टिड्डी दलों के भारतीय सीमा में प्रवेश करते ही यह हेलीकॉप्टर उड़ान भरेगा।
टिड्डियों ने करोड़ों की फसलें चट की
पिछले साल जैसलमेर-बाड़मेर में व्यापक पैमाने पर फसलों की बर्बादी करने वाली टिड्डियों ने किसानों को खून के आंसू रुलाने में कसर नहीं छोड़ी थी। पाकिस्तान की तरफ से सीमा पार कर आने वाले ये टिड्डी दल पिछले करीब दो माह में फिर से जैसलमेर-बाड़मेर की हद से आगे बढ़कर राजस्थान भर व देश के करीब एक दर्जन राज्यों में फसलों के लिए खतरा बन चुके हैं। समस्या के विकट होने के बाद केंद्र सरकार ने अब उन पर हवाई हमला करने का फैसला किया है।

लगातार जारी रहेगी कार्रवाई
पहले दिन हेलीकॉप्टर से बांधा क्षेत्र में ३० से ५० हैक्टेयर क्षेत्र में टिड्डी नियंत्रण कार्य किया गया। जिले में जहां कहीं भी टिड्डी दलों के पड़ाव की जानकारी मिलेगी, उन पर हेलीकॉप्टर से स्प्रे करने की कार्रवाई जारी रहेगी।
-राजेश कुमार, टिड्डी नियंत्रण अधिकारी, जैसलमेर