बिजनेस साइकल की थीम में निवेश करने का मौका

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Published: 24 Dec 2020, 09:10 AM IST

अगर आप म्यूचुअल फंड ( Mutual Fund ) के या बाजार के निवेशक हैं तो आपके लिए बिजनेस साइकल की थीम में निवेश करने का मौका मिला है। देश की बड़ी म्यूचुअल फंड कंपनियों में से एक आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल ( ICICI Prudential ) ने इसी थीम पर नए फंड ऑफर (एनएफओ) को लॉन्च किया है। यह एनएफओ 29 दिसंबर को खुलेगा और 12 जनवरी को बंद होगा।

जयपुर। अगर आप म्यूचुअल फंड के या बाजार के निवेशक हैं तो आपके लिए बिजनेस साइकल की थीम में निवेश करने का मौका मिला है। देश की बड़ी म्यूचुअल फंड कंपनियों में से एक आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल ने इसी थीम पर नए फंड ऑफर (एनएफओ) को लॉन्च किया है। यह एनएफओ 29 दिसंबर को खुलेगा और 12 जनवरी को बंद होगा।
यह एक ओपन एंडेड इक्विटी स्कीम है, जो बिजनेस की थीम का पालन करती है। यह स्कीम इक्विटी और इक्विटी से जुड़ी सिक्योरिटीज में निवेश कर लंबी अवधि में एक अच्छे कॉर्पस को तैयार करती है। यह फंड अलग-अलग सेक्टर्स में डायनॉमिक आवंटन के जरिए बिजनेस साइकल पर अपना फोकस रखेगा।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एएमसी के एमडी और सीईओ निमेश शाह ने कहा कि शेयर बाजार में रिटर्न आम तौर पर अलग-अलग बिजनेस चक्रके चरणों से प्रभावित होते हैं। किसी खास बिजनेस चक्र में चार अलग-अलग चरण हो सकते हैं। इसमें, ग्रोथ, मंदी, गिरावट और रिकवरी। सभी चरण अलग होते हैं लेकिन प्रमुख चरणों की पहचान और उन्हें निवेश के नजरिये से विश्लेषित किया जाए तो सकारात्मक निवेश अनुभव हासिल करने में मदद मिल सकती है। आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल बिजनेस साइकिल फंड टॉप-डाउन रुख अपनाएगा। इसमें मैक्रो इंडिकेटर पर निगरानी (अंतरराष्ट्रीय और घरेलू दोनों) और सही थीम/सेक्टरों के चुनाव और इनमें शेयरों का चुनाव कर बिजनेस चक्रकी पहचान की रणनीति अपनाई जाएगी।
कोई मौजूदा बिजनेस चक्रकितने दिनों तक चलेगा या फिर कितनी जल्दी खत्म हो जाएगा यह मैक्रो इकोनॉमिक हालातों पर निर्भर करेगा। साथ ही यह बिजनेस चक्रके दौरान सरकार की राजकोषीय नीति और रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति पर निर्भर करेगा। ऐसे में निवेश का अच्छा मौका आपको मिल सकता है।
आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल बिजनेस साइकिल फंड अलग-अलग तरीके से काम करता है। यह मैक्रो (अर्थव्यवस्था के) हालातों पर फोकस करता है। इससे निवेशकों की पहुंच किसी भी समय उन सेक्टर्स तक होती है जो आकर्षक दिख रहे हैं। इस रणनीति से उन सेक्टर्स में डाइवर्सिफिकेशन का लक्ष्य भी हासिल करने में मदद मिलती है। आईसीआईसीआई म्यूचुअल फंड के पास भारत की सबसे बड़ी और अनुभवी टीमों में से एक है। इसके ईडी और सीआईओ एस नरेन इसका नेतृत्व करते हैं, जो मैक्रो हालातों और मार्केट साइकिल पर अपने कॉल के लिए जाने जाते हैं। स्कीम का प्रंबधन अनीश तवाकलेए इहाब दलवई और मनीष बांठियां करेंगे।
पिछले दस सालों में आसान मॉनिटरी पॉलिसी और ब्याज दरों में कटौती से उतार-चढ़ाव कम रहा है। यह इक्विटी के लिए एक असेट क्लास के रूप में और लंबी अवधि के स्कीम के लिए पॉजिटिव रहा है। हालांकि आने वाला दशक रेट कट के लिए एक सीमित अवसर वाला हो सकता है। ऐसे समय में इस तरह की बिजनेस साइकल की थीम अच्छा प्रदर्शन कर सकती हैं।