प्रधानमंत्री मोदी से लेकर प्रियंका गांधी सबकी पसंदीदा इस कार पर गिरने वाली है गाज...

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Published: 11 Feb 2019, 12:19 PM IST

टाटा मोटर्स आने वाले कुछ वर्षों में सफारी की नई पीढ़ी को पेश करने की सोच रहा है। आपको बता दें कि इस एसयूवी की पिछले कुछ दिनों से

नई दिल्ली: हमारे देश में नेताओं के काफिले में अक्सर टाटा सफारी देखने को मिल जाती है। सफारी पर नेताओं का ऐसा भरोसा है कि कई बार तो ये लोग अपनी महंगी लग्जरी कारें छोड़कर इस दमदार गाड़ी की सवारी करते हैं। सफारी टाटा मोटर्स की सबसे पहली एसयूवी है। सफारी देश के बड़े-बड़े दिग्गज नेताओं की हमेशा से रक्षा करती आई है। यहां तक की प्रधानमंत्री के काफिले में भी इस गाड़ी की अपनी एक जगह है। लेकिन नेताओं की इस पसंदीदा कार पर अब ग्रहण लगने वाला है।

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दरअसल मौजूदा मॉडल आगामी सुरक्षा मानदंडों को पूरा नहीं नए सुरक्षा मानकों को पूरा नहीं कर पा रहा है यही वजह है कि टाटा मोटर्स आने वाले कुछ वर्षों में सफारी की नई पीढ़ी को पेश करने की सोच रहा है। आपको बता दें कि इस एसयूवी की पिछले कुछ दिनों से बिक्री लगातार कम हो रही है। जनवरी में सफारी स्टॉर्म की कुल 439 यूनिट बेची गई। कंपनी ने 2018 में सफारी की 6,138 इकाइयां बेची थी।

Tata Motors ने सफारी के DICOR मॉडल को कुछ साल पहले बंद कर दिया था और अब इसका केवल स्टॉर्म संस्करण ही उपलब्ध है। जिसमें 2.2 एल चार सिलेंडर डीजल इंजन मिलता है। जो 4,000 आरपीएम पर 156 पीएस की पावर और 1,750 आरपीएम से 2,500 आरपीएम पर 400 एनएम का टॉर्क जनरेट करता है।

सफारी देश के सबसे अच्छे ऑफ-रोडर्स गाड़ियों में से एक है। Tata Motors ने 1998 में Safari को पेश किया और 2007 में SUV को एक बड़ा अपडेट मिला, फिर कंपनी ने Safari Storme के लिए नया इंजन और गियरबॉक्स पेश किया, जिसने पहले वाले मॉडल की तुलना में प्रदर्शन में सुधार किया गया।

सफारी स्टॉर्म की अगली पीढ़ी ओरियर के ओमेगा प्लेटफॉर्म पर आधारित होने की उम्मीद है। जो लैंड रोवर डिस्कवरी स्पोर्ट के डी 8 प्लेटफॉर्म से ली गई है क्योंकि कंपनी ने पहले ही पुष्टि कर दी है कि वे प्लेटफार्मों की संख्या कम करना चाहते हैं।