FATF के दबाव में आकर पाक ने की कार्रवाई, तीन आतंकियों को दी सजा

|

Updated: 28 Aug 2020, 10:14 PM IST

Highlights

  • जमात-उद दावा के तीन नेताओं और हाफिज सईद के नजदीकी साथियों को सजा सुनाई है।
  • प्रोफेसर जफर इकबाल और अब्दुल सलाम को 16 साल की सजा सुनाई, वहीं अब्दुल रहमान मक्की को सिर्फ डेढ़ साल जेल।

इस्लामाबाद। फाइनेंशल ऐक्शन टास्क फोर्स (FATF) के दबाव के कारण पाक ने 88 आतंकी संगठनों और उनके आकाओं पर प्रतिबंध लगाया गया था। FATF की ग्रे लिस्ट से बाहर होने के लिए पाक की कोशिशों का सिलसिला जारी है। उसने अब जमात-उद दावा के तीन नेताओं और हाफिज सईद के नजदीकी साथियों को सजा सुनाई है।

दो आतंकियों को 16 साल की जेल

पाकिस्तान के आतंकवाद निरोधी कोर्ट ने आतंकी संगठन जमात-उद-दावा के तीन आतंकियों को सजा सुनाई है। इनमें से अब्दुल रहमान मक्की को सिर्फ डेढ़ साल जेल की सजा ही दी है। वहीं प्रफेसर जफर इकबाल और अब्दुल सलाम को 16 साल की सजा सुनाई। आतंकवाद के प्रसार और फंडिंग के केस में कोर्ट ने यह सजा सुनाई है।

अपने कबूलनामे से पलटा

कुछ दिनो पहले पाकिस्तान (Pakistan) ने दाऊद इब्राहिम (Dawood Ibrahim) पर किए अपने कबूलनामे पर पलटी मार ली थी। उसका कहना है कि डी कंपनी का सरगना उसके देश में नहीं है। पाकिस्तान ने बीते दिनों दाऊद इब्राहिम समेत 88 प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों पर कार्रवाई के फैसले को स्वीकार किया था। इसमें दाऊद का नाम भी शामिल था।

दाऊद पाकिस्तान में नहीं: पाक विदेश मंत्रालय

पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने अपने एक बयान में कहा कि भारतीय मीडिया ये दावे गलत किए जा रहे हैं कि पाकिस्तान ने अपनी जमीन पर कुछ सूचीबद्ध व्यक्तियों (दाऊद इब्राहिम) की उपस्थिति को स्वीकार किया है। यह दावा निराधार है। इसके साथ उसने इस बात को खारिज किया है कि पाकिस्तान इन लोगों पर नए प्रतिबंध लगा रहा है।