Hindi Diwas 2020: हिंदी में कानून की पढ़ाई, प्रयागराज स्थित क्षेत्रीय कैंपस में इसी सत्र से शुरू हो सकती है पढ़ाई

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Published: 14 Sep 2020, 01:18 PM IST

प्रयागराज में बने महात्मा गांधी अन्तर्राष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय वर्धा के रीजनल सेंटर में इसी सत्र से हिंदी में कानून की पढ़ाई शुरू हो सकती है। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. रजनीश शुक्ल के हवाले से मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि 15 नवंबर से नया शिक्षा सत्र शुरू हुआ तो इसी सत्र से हिंदी में कानून की पढ़ाई भी शुरू हो जाएगी। इसकी पूरी तैयारी कर ली गई है। प्रयागराज के झूंसी में बना है महात्मा गांधी अन्तर्राष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय वर्धा के रीजनल सेंटर।

Hindi Diwas 2020: हिंदी में कानून की पढ़ाई, प्रयागराज स्थित क्षेत्रीय कैंपस में इसी सत्र से शुरू हो सकती है पढ़ाई

प्रयागराज. Hindi Divas के मौके पर एक खुशखबरी है, प्रयागराज में आने वाले नए शैक्षिक सत्र से कानून की पढ़ाई हिंदी में की जा सकती है। महाराष्ट्र के वर्धा स्थित अन्तर्राष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय ने इसकी योजना तैयार की है। युनिवर्सिटी का एक रिजनल कैंपस प्रयागराज के झूंसी में बना है। कुलपति प्रो. रजनीश शुक्ल ने ऐसे संकेत दिये हैं। उन्होंने एक मीडिया संस्थान से कहा है कि इसको लेकर प्रधान न्यायाधीश शरद अरविन्द बोबड़े के साथ इस बारे में विचार विमर्श अंतिम दौर में है। उन्होंने जल्द ही पाठ्यक्रम शुरू करने के ऐलान की उम्मीद जतायी है।

 

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक प्रो. रजनीश शुक्ल ने कहा है क युनविर्सिटी को बार काउंसिल ऑफ इंडिया से इसकी अनुमति पहले ही मिल चुकी है। कोरोना के चलते यूजीसी के उच्च शिक्षा शैक्षिक सत्र यदि आगामी 15 नवंबर से शुरू करता है तो प्रयागराज स्थित महात्मा गांधी अन्तर्राष्ट्रीय हिन्दी विश्वविद्यालय के क्षेत्रीय केन्द्र में हिन्दी में कानून की पढ़ाई शुरू कर दी जाएगी, उनके मुताबिक इसकी तैयारी की जा चुकी है। प्रो. शुक्ला के मुताबिक ची जस्टिस ऑ इंडिया हिन्दी सहति दूसरी भारतीय भाषओं में कानून की पढ़ाई शुरू कराने को लेकर गम्भीर हैं। इसके लिये उन्होंने नोडल एजेंसी के रूप में महात्मा गांधी अन्तर्राष्ट्रीय वर्धा विश्वविद्यालय का चुनाव किया है। हालांकि मराठी में कानून की पढ़ाई वर्धा स्थित मेन कैंपस में ही होगी।

 

तीन एकड़ में बना है प्रयागराज का क्षेत्रीय अध्ययन केन्द्र

प्रयागराज में अन्तर्राष्ट्रीय हिन्दी विश्वविद्यालय वर्धा का क्षेत्रीय अध्ययन केन्द्र तीन एकड़ में बना है। प्रो. शुक्ल के मुताबिक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ऑफिस से इसके लोकार्पण की तारीख पांच अक्टूबर तय कर दी गयी है। उन्होंने बताया कि कानून की पढ़ाई के अलावा इस केन्द्र में विदेशियों के लिये हिन्दी, अनुवाद, राजनीति शास्त्र और समाज शास्त्र के पाठ्यक्रम संचालित होंगे। उनके मुताबिक उन्हांने मुख्यमंत्री से बातचीत में 25 एकड़ जमीन मांगी है, जिसपर मुख्यमंत्री ने सहमती जताते हुए यूपी को विश्वस्तरीय संस्थान बनाकर देने की बात कही है। उन्होंने सरकार की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया है।