प्रवीन तो​गड़िया की नई पार्टी फरवरी में, पीएम मोदी पर दागे ऐसे सवाल जो कर देंगे बीजेपी का बुरा हाल

By: Abhishek Saxena

Published On:
Jan, 10 2019 11:16 AM IST

  • अंतरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद के युवा विंग के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने पत्रिका को बताया पार्टी का ऐजेन्डा, पीएम मोदी ने गौरक्षकों को गुंडा करार दिया अब सवर्ण आरक्षण देकर सवर्ण को छलेंगे: मनोज कुमार

आगरा। राम मंदिर निर्माण को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई का दौर चल रहा है। लेकिन, मंदिर निर्माण के लिए भारतीय जनता पार्टी पर लगातार दबाव बना रहे हिन्दूवादी संगठनों का रवैया अब और आक्रामक को रहा है। प्रवीन तोगड़िया ने पार्टी बनाकर लोकसभा चुनाव लड़ने का ऐलान किया था। अब उनकी पार्टी बनकर तैयार है और इसकी घोषणा मात्र होना बाकी है। पत्रिका से बात की अंतरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद के युवा शाखा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोज जी ने। उन्होंने कहा कि आगामी फरवरी माह में पार्टी की घोषणा हो जाएगी। उन्होंने कहा कि पार्टी हिन्दू के नाम से होगी और सिर्फ 100 करोड़ हिन्दुओं के लिए ही इसमें स्थान होगा।

praveen togadia

भाजपा सरकार पर साधा निशाना
हिन्दूवादी संगठनों द्वारा लगातार राममंदिर के लिए अध्यादेश लाकर मंदिर निर्माण की बात की जा रही है। इस सवाल पर मनोज कुमार ने कहा कि मोदी जी हर बार घोषणाएं जुमले बाजी करते हैं। इस बार भी की लेकिन, राम मंदिर की तारीख नहीं बताई। राम मंदिर के लिए अध्यादेश लाने की बात नहीं की। उन्होंने निशाना साधते हुए कहा कि क्या कार सेवा करके लोगों को मरवाने का उद्देश था? सत्ता प्राप्ति के लिए धारा 370 को हटाने की बात कश्मीरी पंडितों को कश्मीर में बसाने की बात भूल गए ये केवल जुमला ही रहा। तीन तलाक याद रहा, गौ रक्षा के लिए कानून बनाने की बात तो दूर रही गौ रक्षकों को गुंडा कह दिया। सत्ता पर बैठने के बाद दो करोड़ नौकरी देने का वादा कर नौजवानों को छलने का काम किया अब 10 पर्सेंट आरक्षण देकर आपने सवर्ण को छलने का काम किया है। क्योंकि उसमें मुसलमान और ईसाई को भी आरक्षण चुपके से दे दिया जो काम कभी बाबर ने राम जन्म भूमि तोड़कर किया वही काम आपने 10 परसेंट का लॉलीपॉप देकर मुसलमानों को आरक्षण में सम्मिलित कर किया है। अगर आप को आरक्षण देना था तो सरकार बनने के बाद क्यों नहीं दिया। अभी यह चुनावी जुमला नहीं तो क्या है आपको पता चल गया है कि 2019 के लोकसभा चुनाव में आप जीतने वाले नहीं है। अब तो गूगल भी बोलता है जुमला माने मोदी

इन छह सवालों से करेंगे भाजपा को सत्ता से दूर
आंखों में धूल झोंकी आज ला सकते हैं तो मोदी जी ने यही बिल साढे 4.5 साल पहले सत्ता मिली तब क्यों नहीं लाया? आरक्षण की मांग लेकर देश के कई नौजवानों ने अपने प्राण दिए तब कहां थे? मोदी जी! देशभर में औसत 52,000 किसानों ने इन के कार्यालय में आत्महत्या की उन सभी की मृत्यु के जिम्मेदार आज संसद में 10 परसेंट सवर्ण आरक्षण बिल लाया इसलिए इतरा रहे हैं देश की आंखों में हर समय चुनावी नई नई धूल झोंकना बंद करें और मोदी जी।

मुस्लिम तुष्टीकरण
सवर्णों को आरक्षण देने के नाम पर मुसलमानों को इसी 10 परसेंट कोटा में समाविष्ट करने की कौन सी मजबूरी थी? मोदी जी मराठा, राजपूत, गुर्जर, कुर्मी, वैश्य, ब्राह्मण और अन्य सवर्णों के जलते आंसू नहीं देख रहे आपको जो 10 परसेंट में पठान, कुरैशी, बौहरा और बाकी कई मुसलमानों को भी डाल दिया इसके लिए कोई हिंदू मोदी जी और उनके पक्ष को माफ नहीं करेगा।

रोजगार और शिक्षा पर वादाखिलाफी- मोदी जी की अजीब गलत आर्थिक नीतियों के कारण नोटबंदी जीएसटी मल्टीब्रांड में विदेशी निवेश वॉलमार्ट जैसे बड़ों को लाकर अलग अलग निजी क्षेत्रों में पांच करोड़ से ज्यादा लोग बेरोजगार हुए सरकारी नौकरियों में भर्ती ना होने के कारण और कई सरकारी आस्थापन इन्हीं के नीतियों में घाटे के में चलने के कारण लाखों पद भरे नहीं गए। अब ऐसे लॉलीपॉप 10 परसेंट में असल में कितने सवर्ण गरीब युवाओं को नौकरियां मिलेंगी, जो नौकरी आ गई और करोड़ों लोग बेरोजगार हुए उनका क्या अच्छी शिक्षा भी महंगी कर रखी 10 परसेंट में कितने घरों के बच्चे इतनी महंगी फीस दे पाएंगे मूर्ख समझ रखा है देश को मोदी जी ने।

असमान जनसंख्या और मर्यादित लाभ
हिंदुओं पर एक पत्नी और दो ही बच्चों का कानून लागू है तीसरे बच्चे को ठीक से राशन तक नहीं दिया जाता। लेकिन, मुसलमान चार बीवियों और अमर्यादित बच्चे पैदा करने की आजादी रखते हैं उनकी जनसंख्या हर दिन बढ़ती जा रही है अब इस 10 परसेंट आरक्षण में ऐसे अमर्यादित बच्चों वाले मुसलमानों को विशेषकर हिंदू सवर्णों के अधिकार ही छीन लिए मोदी जी ने हिंदू का बेटा बेटी और उनकी मां अब लाखों मुसलमानों के साथ आरक्षण की कतार में प्रवेश के लिए खड़ी रहेगी? क्या और कितना मिलेगा सवर्णों को इसमें? यह बहुत बड़ा धोखा हुआ है सवर्णों के साथ।

देश को मूर्ख बनाया
संविधान में संशोधन का क्रांतिकारी कदम बड़ा शो दिखाकर वास्तव में करीबन 60% जनसंख्या के लिए 10% आरक्षण में हिंदू सवर्णों के साथ मुसलमान ईसाई आदि को जोड़कर क्या स्थिति होती है। देखिए सवर्ण हिंदू करीबन 33% मुसलमान 25% ईसाई 3% जैन 1.3% = 62.3% यह औसतन है इतने बड़े परिषद जनसंख्या को सिर्फ 10 परसेंट में ठूंस दिया मोदी जी ने और उस पर भी तुगलक की शर्तें लगाकर 10 एकड़ का किसान कर्ज में आत्महत्या कर रहा है और मोदी जी कहते हैं कि 5 एकड़ से ज्यादा जमीन हो तो आरक्षण नहीं सोशल मीडिया पर और चुनावी भाषणों पर देश नहीं चलता हिंदुस्तान जैसा गांव देहातों शहरों की गलियों में स्थितियां इतनी बिगड़ी है कि ऐसे लॉलीपॉप सिर्फ चुनावी माहौल के लिए हो तो भी जन कल्याण नहीं होगा।

चुनावी दांव
सवर्ण गरीब कहकर इतनी बड़ी जनसंख्या के लिए सिर्फ 10% का गाजर यह मोदी जी और उनके पक्ष का चुनावी दांव है। अब यह कहेंगे देखिए हमने दिया बाकियों ने विरोध किया अब हमें फिर जीत आइए तो लागू करेंगे मीडिया से लेकर भाषणों में कहेंगे कि लेकिन जमीन पर सुनने वादाखिलाफी के मारती है यह भगवान राम से लेकर किसानों युवाओं सभी के से अनेकों मुद्दों पर ही की कोई वादा खिलाफी और ऊपर से इन अहंकार अहंकार देश ने बहुत देख लिया अब देश की जनता इन पर भरोसा नहीं करेगी ना 70 साल वालों पर ना इन 4.5 साल वाले जुमले बाजो पर अब जनता भरोसा करेगी तीसरे विकल्प जो हम ही देंगे।

Published On:
Jan, 10 2019 11:16 AM IST

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